कानपुर, जुलाई 24 -- कानपुर, प्रमुख संवाददाता। नई श्रम संहिताएं (लेबर कोड) श्रमिकों और उद्योगों के बीच संतुलित, पारदर्शी और तकनीक आधारित व्यवस्था स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम है। नए कानूनों के लागू होने से श्रमिकों को उनके अधिकारों का लाभ अधिक सरलता और पारदर्शिता के साथ मिल सकेगा। ये बातें अपर श्रमायुक्त कार्यालय और लेबर लॉ एडवाइजर्स एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में एसोसिएशन सभागार में आयोजित सेमिनार में वक्ताओं ने कहीं। अपर श्रमायुक्त शमीम अख्तर ने बताया कि केंद्र सरकार ने पहले के 29 श्रम कानूनों को समाप्त कर उन्हें चार श्रम संहिताओं में समाहित किया है, जिन्हें 21 नवंबर 2025 से लागू किया गया है। हालांकि उत्तर प्रदेश में अभी इन संहिताओं के अनुरूप अधिसूचना जारी नहीं हुई है, लेकिन राज्य सरकार जल्द ही आवश्यक अधिसूचना जारी कर सकती है। बत...