आगरा, दिसम्बर 29 -- समाधि पार्क मंदिर, सूर्य नगर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन श्रीकृष्ण जन्म लीला और नंदोत्सव के उल्लासपूर्ण प्रसंग ने समूचे कथा पंडाल को मानो ब्रजधाम में परिवर्तित कर दिया। कथा व्यास श्री कीर्ति किशोरी ने भगवान के मत्स्य, कूर्म, वराह, नरसिंह, वामन, परशुराम, राम एवं श्रीकृष्ण सहित विविध अवतारों का सारगर्भित और भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कहा कि जब-जब धर्म की हानि और अधर्म की वृद्धि होती है, तब-तब भगवान अवतार लेकर भक्तों की रक्षा और धर्म की स्थापना करते हैं। प्रत्येक अवतार मानव जीवन को साहस, सत्य, करुणा, मर्यादा और प्रेम का संदेश देता है। कथा के क्रम में जैसे ही श्रीकृष्ण जन्म और नंदोत्सव का प्रसंग आया, संपूर्ण कथा पंडाल आनंद, उल्लास और वात्सल्य रस से सराबोर हो उठा। भजनों, जयकारों और पुष्पवर्षा के बीच नंद बाबा ...
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