नई दिल्ली, नवम्बर 3 -- दिल्ली की एक अदालत ने साल 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के दौरान एक मस्जिद में तोड़फोड़ करने और उसमें आग लगाने के आरोपी 5 लोगों को बरी कर दिया है। अदालत ने कहा कि पुलिस गवाह भरोसेमंद नहीं थे और अभियोजन पक्ष द्वारा पेश किए गए CCTV फुटेज को सबूत के तौर पर स्वीकार नहीं किया जा सकता। इस दौरान अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रवीण सिंह की अदालत ने सौरभ शर्मा, राहुल कुमार, रोहित, सचिन और अंकित के खिलाफ चल रहे मामले की सुनवाई करते हुए उन्हें बरी कर दिया। इन पांचों पर दंगा करने, गैर-कानूनी तरीके से इकट्ठा होने, संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और आगजनी करने का आरोप था। 31 अक्टूबर को दिए अपने आदेश में न्यायाधीश प्रवीण सिंह ने कहा, 'मुझे लगता है कि ये गवाह भरोसेमंद नहीं हैं। 'अल्लाह वाली मस्जिद' में हुए दंगों, तोड़फोड़ और आगजनी के माम...