वाराणसी, मार्च 8 -- वाराणसी, हिटी। चांदपुर स्थित इरी-दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र (आईसार्क) में शनिवार से चावल पॉलिसी पर दो-दिवसीय उच्चस्तरीय बैठक शुरू हुई। विशेषज्ञों ने कहा कि अब समय केवल पारंपरिक खेती का नहीं, बल्कि आंकड़ा और तकनीक आधारित स्मार्ट खेती का है। अब विभिन्न संस्थानों को साझा जिम्मेदारी के साथ मिलकर काम करना होगा। आईसीआरआईईआर और इरी की ओर से आयोजित संयुक्त राष्ट्रीय नीति संवाद में ईरी अध्यक्ष ईवान पिंटो, भारत सरकार के अधिकारी, कृषि वैज्ञानिक सहित अन्य हितधारकों ने चावल उत्पादन के जरिए देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया। अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री के आर्थिक सलाहकार डॉ. केवी राजू ने गिरते भूजल और बढ़ती श्रम लागत पर चिंता जताई। कहा कि धान उत्पादन में डीएसआर जैसी तकनीकों को स्वीकार करना चाहिए।प्रख्यात अर्थशास्त्र...