धान की बुआई से पूर्व खेत में डाले गए बिचड़ा को बचाना सबसे बड़ी चुनौती
सीवान, जून 25 -- सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता। भीषण गर्मी व चिलचिलाती धूप ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। स्थिति यह हो गई है कि पौ फटने के साथ ही सिर पर पड़ती सूर्य कि किरणों के साथ ही गर्मी व तीखी धूप से देह झुलसने लग रहा है। उपर से बारिश नहीं होने से स्थिति दिन प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है।
किसानों की चिंता बहरहाल, आषाढ़ के आखिरी दिनों में भी मानसून की बेरुखी व बारिश नहीं होने से किसानों की चिंता बढ़ती जा रही है। मानसून की बेरुखी व जून महीने में सामान्य से काफी कम या यूं कहें कि नाम मात्र भी बारिश नहीं होने से सूखे जैसे हालात बनते जा रहे हैं। लिहाजा, मौजूदा समय में किसानों की सबसे बड़ी चुनौती धान की बुआई से पूर्व खेत में डाले गए बिचड़ा को बचाने की है। कारण कि बारिश नहीं होने से खेतों से नमी पूरी तरह से गायब है। एक छोर से लेकर दूसरे छो...
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