धनबाद, अप्रैल 22 -- धनबाद-बोकारो सड़क (पहले एनएच-32) के अस्तित्व पर बड़ा सवाल है। केंदुआडीह के पास सड़क के धंसने के बाद विशेषज्ञों के हवाले से बीसीसीएल-प्रशासन को जो जानकारी उपलब्ध है, उसके अनुसार सड़क को सुरक्षित करने के लिए पहले खुदाई करनी होगी, इसके बाद भराई कर नए सिरे से निर्माण करने के बाद ही सड़क को सुरक्षित किया जा सकता है। सबसे बड़ी समस्या यह है कि जहां सड़क दबी है, वहां आजादी के पहले (1945 के आसपास) खनन हुआ है। अंदर की स्थिति के बारे में बहुत जानकारी बीसीसीएल के पास भी नहीं है। सड़क को सुरक्षित करने के लिए कितनी गहराई तक खुदाई करनी होगी, यह खुदाई शुरू करने के बाद ही पता चलेगा। खुदाई के दौरान ब्लास्टिंग की भी जरूरत होगी। इसके लिए सड़क के आसपास आबादी को खाली कराए बिना काम शुरू नहीं किया जा सकता है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि खतरा...