रांची, मार्च 7 -- रांची, हिन्दुस्तान ब्यूरो। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा है कि पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग में आयोजित 9वें अंतर्राष्ट्रीय संताल सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति व संताल आदिवासी समाज की बेटी द्रौपदी मुर्मु के साथ पश्चिम बंगाल सरकार का व्यवहार अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति के प्रति इस प्रकार का रवैया न केवल प्रोटोकॉल का उल्लंघन है, बल्कि यह आदिवासी समाज की भावनाओं को भी आहत करता है। राष्ट्रपति के शब्दों में जो पीड़ा और असहजता झलक रही थी, वह पूरे देश ने महसूस की। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि राजनीति अपनी जगह है, लेकिन राष्ट्र के सर्वोच्च पद और उससे जुड़े प्रोटोकॉल का सम्मान हर राज्य सरकार की जिम्मेदारी होती है। मरांडी ने कहा कि ममता बनर्जी से अपेक्षा थी कि वह लोकतांत...