मधुबनी, फरवरी 28 -- पंडौल,एक संवाददाता। होली और ईद को लेकर महानगरों से गांव लौट रहे प्रवासी और परिवारों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। शनिवार को सकरी स्थित एनएच-27 पर दिल्ली से आई बस से उतरे यात्रियों ने 24 घंटे की थकाऊ और असुविधाजनक यात्रा की दर्दनाक दास्तान सुनाई। यात्रियों ने बताया कि स्लीपर कोच में जहां दो लोगों के लेटने की व्यवस्था होती है, वहां चार-चार यात्रियों को जबरन बैठाकर सफर कराया गया। न ठीक से बैठने की जगह, न सोने की सुविधा। पूरी रात घुटन, शोर-शराबा और भीड़भाड़ के बीच यात्रा करनी पड़ी। कई यात्रियों ने कहा कि बस में पैर फैलाने तक की जगह नहीं थी। बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग सबसे अधिक परेशान दिखे। मनीगाछी के बलौर निवासी सुरेश यादव और ममता देवी ने बताया कि 24 घंटे के सफर में बस केवल दो-तीन बार ही रुकी। शौचालय की व्यवस...
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