मुंगेर, फरवरी 6 -- सहरसा, नगर संवाददाता। आयुष चिकित्सकों का एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया ।जिसमें टीबी रोगियों की पहचान रेफरल प्रक्रिया तथा राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम में आयुष चिकित्सकों की सक्रिय सहभागिता से संबंधित विषयों पर जानकारी प्रदान की गई।कार्यशाला जिला यक्ष्मा केंद्र एवं एचएलएफ पीपीटी के संयुक्त तत्वाधान में किया गया।जिसमें सीएस डाॅ राज नारायण प्रसाद, जिला संचारी रोग पदाधिकारी डॉ सुशील कुमार आजाद, डब्ल्यूएचओ कंसल्टेंट डॉ असफाक नाजीर बट्ट, डीपीएम विनय रंजन मौजूद थे। कार्यशाला में एचएलएफ पीपीटी के स्टेट प्रोग्राम मैनेजर आकाश कुमार झा, आयुष इंगेजमेंट आफिसर सुजीत कुमार एवं जिला समन्वयक मो इमरान ने विस्तृत जानकारी दिया।डॉ असफाक नाजीर बट्ट ने कहा कि यदि दो हफ्ते से अधिक समय से लगातार खांसी, जिसमें बलगम य...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.