मेरठ, सितम्बर 11 -- पुलिस भर्ती प्रक्रिया की कड़ी सुरक्षा और पहचान सत्यापन को चकमा देकर सिपाही बनने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आगरा के मुकुल ने पुलिस भर्ती परीक्षा में अपनी जगह दोस्त रामरूप को बैठा दिया। आरोप है कि रामरूप ने मुकुल के नाम पर लिखित परीक्षा से लेकर दस्तावेज सत्यापन और अन्य प्रक्रिया पूरी कर दी। भर्ती में सफल होने के बाद मुकुल ने विभाग में नियुक्ति हासिल कर ली और मेरठ पुलिस लाइन में रिक्रूट आरक्षी के रूप में आधारभूत प्रशिक्षण भी लेने लगा। इसी दौरान पहुंची एक शिकायत ने भर्ती प्रक्रिया में हुए इस फर्जीवाड़े की पोल खोल दी। शिकायत पर हुई विभागीय जांच में आरोपों की पुष्टि हुई। भर्ती रिकॉर्ड में लगे फोटो, फिंगरप्रिंट और बायोमेट्रिक जांच में गड़बड़ी सामने आई। मुकुल और रामरूप के शारीरिक एवं चिकित्सकीय परीक्षण से जुड़े विवरणों मे...