नई दिल्ली, अप्रैल 14 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। भारतीय रेल में ट्रेनों का सुरक्षित परिचालन अब जमीन से नहीं आसमान से होगा। देश की लाइफलाइन कही जाने वाली रेलवे ने अपनी सबसे सुरक्षित टक्कररोधी तकनीक कवच को सैटेलाइट से जोड़ने की तैयारी कर ली है। आईएसआरओ के सहयोग से तैयार कवच-वी3.0 का साइलेंट ट्रायल शुरू हो चुका है, जो एल-बैंड सैटेलाइट के जरिये उन दुर्गम पहाड़ियों-जंगलों में भी ट्रेनों को टकराने से बचाएगा, जहां मोबाइल संपर्क दम तोड़ देती है। रेलवे बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि रेलवे का रेडियो फ्रीक्वेंसी से सैटेलाइट-आधारित सुरक्षा प्रणाली की ओर कदम बढ़ाना न केवल बुनियादी ढांचे में बदलाव है, बल्कि यह दुर्गम भौगोलिक क्षेत्रों में शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को पाने के लिए निर्णायक साबित होगा। यह भी पढ़ें- 15 जून तक सभी रेल फाटक होंगे इं...