रांची, अगस्त 28 -- रांची, हिन्दुस्तान ब्यूरो। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया पैनलिस्ट डॉ. राजीव नारायण प्रसाद ने कहा कि देश में आर्थिक नीतियों का दोहरा मापदंड दिखाई दे रहा है। एक ओर विद्यार्थी, किसान, छोटे कारोबारी और गरीब परिवार अपने कर्ज की एक-एक किश्त चुकाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर बड़े कॉरपोरेट कर्ज के मामलों में भारी राहत दिए जाने के सवाल लगातार उठ रहे हैं। सुभाष चंद्रा से जुड़े कारोबारी ऋण मामले में करीब 22,000 करोड़ रुपये की देनदारी के मुकाबले बेहद कम राशि में समझौते/समाधान की प्रक्रिया को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यदि बड़े कारोबारियों के लिए हजारों करोड़ रुपये के कर्ज के समाधान का रास्ता निकाला जा सकता है, तो फिर आम आदमी, विद्यार्थी और किसान के लिए इतनी कठोर व्यवस्था क्यों? यह भी पढ़ें- क्या है हेयरकट, Rs...