प्रयागराज, मार्च 20 -- प्रयागराज, संवाददाता। वासंतिक नवरात्र के दूसरे दिन देवी मंदिर आस्था से सराबोर रहे। शुक्रवार का दिन होने की वजह से जहां मां अलोपशंकरी मंदिर के परिसर में दिनभर मनोकामना पूरी होने पर निशान चढ़ाने वाले परिजनों की भीड़ रही। वहीं मां ललिता देवी व मां कल्याणी देवी मंदिर में परिजनों ने अपने बच्चों का कर्णछेदन व मुंडन संस्कार कराया। संस्कार के साथ ही मंदिरों में मां भगवती के ब्रह्मचारिणी स्वरूप का दर्शन-पूजन भी भक्तिभाव से किया जाता रहा।भोर की मंगलाआरती के बाद मंदिरों का कपाट 4.30 बजे दर्शन के लिए खोला गया। सुबह से लेकर दोपहर दो बजे तक निशान चढ़ाने और मुंडन व कर्णछेदन संस्कार के लिए दूरदराज के क्षेत्रों से लोगों के पहुंचने का सिलसिला अनवरत चलता रहा। शाम को मां के दूसरे स्वरूप ब्रह्मचारिणी में मां के अलौकिक छटा का दर्शन करने ...