बरेली, जुलाई 25 -- देवशयनी एकादशी से प्रारंभ होने वाले चातुर्मास के दौरान मांगलिक कार्य नहीं किए जाते, लेकिन इस बार देवशयनी एकादशी के पहले ही शादियों पर रोक लग चुकी है। 25 जुलाई शनिवार को देवशयनी एकादशी से पहले ही मांगलिक व शुभ कार्यों पर विराम लग चुके हैं। अब कार्तिक शुक्ल पक्ष की देवोत्थान एकादशी 20 नवंबर को भगवान विष्णु के जागृत होने के बाद विवाह और अन्य शुभ कार्यों का मुहूर्त मिलेगा। श्रावण मास की फुहारों के साथ आध्यात्मिक जीवन का सबसे अनुशासित और पावन काल दस्तक देने जा रहा है। 25 जुलाई से चातुर्मास का शुभारंभ होगा, जो 20 नवबंर को देवात्थान एकादशी तक चलेगा। यह भी पढ़ें- आज से शुरू होगा चातुर्मास, 118 दिनों तक मांगलिक कार्यों पर रोक श्रावण, भाद्रपद, आश्विन और कार्तिक इस चार माह की अवधि में विवाह, गृह प्रवेश, मुंडन, जनेऊ संस्कार और नए व...