दूसरों के दर्द को समझने का जरिया है रोजा: अदनान
अंबेडकर नगर, मार्च 20 -- सैदापुर, संवाददाता। जलालपुर तहसील क्षेत्र के कजपुरा निवासी मौलाना सैयद इंतेजार मेहदी (अदनान) ने रमजान के पवित्र अवसर पर इंसानियत और भाईचारे का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि रमजान केवल रोजा रखने का महीना नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि, सब्र और आत्ममंथन का समय है। रोजा इंसान को दूसरों के दर्द को समझने और दिल को सुकून देने का जरिया बनता है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष ईद सादगी के साथ मनाई जाएगी, क्योंकि ईरान-इजराइल की जंग के दौरान आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई समेत मासूम बच्चों की शहादत से मोमनीन रंजो-गम में हैं। मौलाना अदनान ने कहा कि ईद पर जरूरतमंदों की मदद करना ही सच्ची ईदी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि दौलत से शोहरत मिल सकती है, लेकिन दिल का सुकून केवल नेक कामों और दूसरों की मदद करने से ही मिलता है। उन्होंने सभी से अपील की कि रम...
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