अंकित कुमार चौधरी, फरवरी 24 -- Gangster Vikram Sharma murder: जुर्म की दुनिया में 'दुश्मन का दुश्मन दोस्त होता है'। विक्रम हत्याकांड में यह कहावत सच साबित हुई। पुलिस और एसटीएफ की तफ्तीश में सामने आया है कि इस खौफनाक वारदात की पटकथा दो ऐसे लोगों के गठजोड़ से तैयार हुई जो विक्रम के आतंक से त्रस्त थे। विक्रम शर्मा ने दो लोगों का जेल में टार्चर कराया था, जिन्होंने इस बेइज्जती का बदला लिया और एक से रेलवे ठेकेदारी हासिल करने के लिए परेशान किया और रंगदारी मांगी। सोमवार को मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने दो लोगों को अरेस्ट किया। इसमें अक्षत ठाकुर निवासी एमई स्कूल रोड, बाबा बरूदा अपार्टमेंट, जुगसलाई, जमशेदपुर, झारखंड और राजकुमार निवासी गाराबास बाग बेड़ा, जमशेदपुर, झारखंड शामिल है। यह भी पढ़ें- 180 दिन की प्लानिंग और वेस्ट यूपी में 'वार रूम'; विक्...
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