गोरखपुर, अक्टूबर 3 -- गोरखपुर। होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. रूप कुमार बनर्जी ने कहा कि दिल शरीर का वह महत्वपूर्ण अंग है, जो बिना रुके जीवनभर धड़कता रहता है। हृदय हमारे शरीर के विभिन्न अंगों तक रक्त और ऑक्सीजन पहुंचाने का कार्य करता है। कहा कि हृदय की देखभाल केवल बीमारी होने के बाद नहीं, बल्कि स्वस्थ रहते हुए भी शुरू होनी चाहिए। हृदय रोगों से बचाव का सबसे प्रभावी रास्ता जागरूकता और स्वस्थ जीवनशैली है। जीवनशैली में बदलाव तथा समय पर चिकित्सकीय देखभाल से नियंत्रित किया जा सकता है। लंबे समय तक बैठना, अनियमित खान-पान, अत्यधिक नमक और चीनी, तले-भुने एवं अत्यधिक प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थ, मोटापा, तनाव, नींद की कमी, धूम्रपान तथा तंबाकू का सेवन हृदय के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकते हैं। उच्च रक्तचाप, मधुमेह, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल और मोटापा भी हृदय ...