कुशीनगर, अप्रैल 15 -- कुशीनगर। यदि आप दिल के मरीज हैं या आपका कोई जानने वाला है ऐसा है जिसे दिल की बीमारी (हृदय रोग) है, तो बेहतर इलाज के लिए बड़े शहरों की तरफ रुख करना पड़ेगा। क्योंकि यहां सीएचसी और निजी अस्पतालों को तो छोड़िए, जनपद मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज में भी न तो एमडी मेडिसिन हैं, न डीएम कार्डियो और न कार्डियो सर्जन। अलबत्ता, उंगलियों पर गिने जाने भर के इक्का-दुक्का एमडी मेडिसिन हैं, जिन्होंने दिल के रोगियों को कुछ हद तक संभाल रखा है।सीएमओ के अधीन आने वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में इतने विशेषज्ञ डॉक्टरों के तैनाती की बात तो सोचना भी ठीक नहीं है, क्योंकि वहां हृदय रोग के इन विशेषज्ञ डॉक्टरों के पद ही स्वीकृत नहीं हैं। जहां तक जनपद मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज की बात है तो यहां भी हृदय रोग के किसी विशेषज्ञ की तैनाती नहीं है,...