पीटीआई, अप्रैल 2 -- दिल्ली में इस गर्मी के दौरान एकबार फिर क्लाउड-सीडिंग के जरिए आर्टफिशियल बारिश करने की तैयारी है। बीते साल अक्टूबर में क्लाउड सीडिंग ट्रायल किए गए थे मगर वह सफल नहीं रहे थे। आईआईटी कानपुर ने एक बयान में बादलों में नमी के निम्न स्तर को वजह बताया था। दिल्ली पर्यावरण विभाग और इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (आईआईटी) कानपुर के बीच 25 सितंबर, 2025 को एक समझौता हुआ था, जिसके बाद ये ट्रायल किए गए थे। इंस्टीट्यूट ने कहा है कि बीते दो ट्रायल से उनकी प्लानिंग पहले से और मजबूत हुई है और क्लाउड सीडिंग के लिए किस तरह का मौसम और परिस्थितियां चाहिए होती हैं इसका पता लगाने में मदद मिली है। यह भी पढ़ें- दिल्ली से क्यों हटाए जा रहे 1.4 लाख कैमरे? प्रवेश वर्मा ने बताया चीन कनेक्शनपिछले ट्रायल से मिले परिणाम की समीक्षा कर रहा एक अधिकारी न...