नई दिल्ली, फरवरी 7 -- राजधानी दिल्ली के जनकपुरी इलाके में जल बोर्ड के गड्ढे में गिरने से एक बाइक सवार की मौत हो गई। हालांकि इस गड्ढे में पानी नहीं था। लेकिन राजधानी में बीते दो वर्ष में डूबकर मरने वालों की संख्या 89 है। इनमे नदी-नहर के साथ साथ खुले शहर और जनकपुरी जैसी लापरवाही से होने वाली मौत शामिल हैं। आपदा प्रबंधन और सरकार तथा एजेंसियों के दावों के बाद भी लापरवाही से लोगों की जान जा रही है।विधानसभा में रिपोर्ट हुई पेश बीते दिनों दिल्ली विधानसभा की कार्यवाही में रखी रिपोर्ट से पता चलता है कि जनवरी 2004 से दिसंबर 2025 तक राजधानी में 89 लोगों की मौत डूबने से हुई है। इसमे नदी-नहरों के साथ खोड़ा के मां-बेटों की नालें में गनरकर मौत, आली विहार में पुलिस चौक के पास बारातघर में डूबने से मौत, ओल्ड राजेंद्र में बेसमेंट में पानी घुसकर हुई छात्रों ...