नई दिल्ली, सितम्बर 17 -- दिल्ली नगर निगम (MCD) ने अपने विभाग के अधिकारियों को 500 वर्ग मीटर या उससे ज्यादा बड़ी कंस्ट्रक्शन और तोड़-फोड़ वाली साइट्स की पहचान करने और उनका निरीक्षण करने का निर्देश दिया है, ताकि यह पक्का किया जा सके कि धूल के उत्सर्जन की लाइव निगरानी के लिए वहां CCTV कैमरे लगाए जा चुके हैं। एक अधिकारी ने कहा कि, 'निरीक्षण के दौरान अगर किसी साइट पर काम चलता हुआ मिला, लेकिन अगर वहां CCTV नहीं पाया गया, तो चालान काटा जा सकता है।' CCTV की यह शर्त DPCC के अपग्रेडेड 'डस्ट पोर्टल 2.0' के तहत नियमों का पालन करने के ढांचे का हिस्सा है, जो कंस्ट्रक्शन साइट्स की रियल-टाइम निगरानी की सुविधा देता है। MCD ने यह कदम आने वाले सर्दी के मौसम में प्रदूषण को नियंत्रित रखने के लिए उठाया है, जब राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण को नियंत्रित करन...