नई दिल्ली, दिसम्बर 3 -- राजधानी में प्रदूषण की वजह से बढ़ी सख्ती और डीजल वाहनों की आयु अन्य राज्यों की अपेक्षा पांच साल कम होने की वजह से अब दिल्ली के लोगों ने डीजल वाहनों से दूरी बना ली है। बीते तीन साल में दिल्ली में डीजल वाहनों की बिक्री में करीब 50 फीसदी की गिरावट आई है। डीजल वाहनों में ताकत ज्यादा और परिचालन लागत कम होने के बावजूद कई तरह की प्रतिबंधों की परेशानियों के चलते अब लोग पेट्रोल और इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद में ज्यादा दिलचस्पी दिखा रहे हैं। दरअसल, दिल्ली में डीजल वाहनों की आयु महज 10 साल है, जबकि एनसीआर से बाहर अन्य शहरों में ऐसे वाहनों को 15 साल तक चलाने की अनुमति है। दिल्ली में दीपावली के बाद से प्रदूषण का स्तर बढ़ने की वजह से डीजल वाहनों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगा दिया जाता है। परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक राजधानी...
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