नई दिल्ली, अप्रैल 17 -- नई दिल्ली। विशेष संवाददाता सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि किसी महिला या उसके परिवार के सदस्यों द्वारा पति और ससुराल वालों के खिलाफ दाखिल शिकायत में किए गए दावों के आधार पर 'दहेज देने' के आरोप में कार्रवाई नहीं की जा सकती। शीर्ष अदालत ने एक व्यक्ति की ओर से अपनी पत्नी और उसके परिवार वालों के खिलाफ दहेज निषेध अधिनियम के प्रावधानों के खिलाफ दहेज देने के आरोप में मुकदमा दर्ज करने की मांग को खारिज करते हुए यह टिप्पणी की है।जस्टिस संजय कुमार और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की पीठ ने पति की ओर से दाखिल याचिका को खारिज करते हुए उसकी पत्नी और उसके परिवार के लोगों के खिलाफ दहेज देने के आरोप में मुकदमा दर्ज करने का आदेश देने से इनकार कर दिया। यह भी पढ़ें- प्रताड़ना की शिकार महिला ने एसपी से लगायी फरियाद पति की ओर से पीठ को बताया गया थ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.