नई दिल्ली, दिसम्बर 6 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुलामी की मानसिकता को विकसित भारत के लक्ष्य में सबसे बड़ी रुकावट बताते हुए शनिवार को कहा कि अगले दस साल में हम सबको इससे बाहर निकलना होगा। उन्होंने कहा कि कोई भी देश बिना आत्मविश्वास के आगे नहीं बढ़ सकता। दुर्भाग्य से लंबी गुलामी ने भारत के इसी आत्मविश्वास को हिला दिया था। इसकी वजह थी, गुलामी की मानसिकता। प्रधानमंत्री ने भारत के तेजी से बढ़ते कदमों को लेकर दुनियाभर से मिल रही तारीफ की चर्चा करते हुए कहा कि आज दुनिया अनिश्चितताओं से भरी है। इस दौर में भी भारत अपनी अलग पहचान बना रहा है। भारत आत्मविश्वास से भरा हुआ है। हिन्दुस्तान टाइम्स लीडरशिप समिट 2025 को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आज हर सेक्टर में गुलामी की मानसिकता को पीछे छोड़कर नए गौरव क...
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