मुजफ्फरपुर, फरवरी 27 -- मुजफ्फरपुर, वरीय संवाददाता। जलवायु परिवर्तन के कारण जिले के तापमान में वृद्धि और वर्षा के पैटर्न में बदलाव देखने को मिला है। पिछले एक दशक के आंकड़े बताते हैं कि जिले में औसत वर्षापात के दिन 57 से घटकर महज 39 दिन रह गए हैं। वहीं, औसत न्यूनतम तापमान भी तीन डिग्री तक बढ़ा है। इसको लेकर कृषि वैज्ञानिकों और पर्यावरणविदों ने चिंता जताई है। प्रदेश के अर्थ एवं सांख्यिकी निदेशालय की दिसंबर की रिपोर्ट के अनुसार जिले में औसत वर्षा दिन 2014 में 57 दिन था। यह 2025 में 39 दिन पर सिमट गया है। बीच के वर्षों में यह 43 से लेकर 51 दिनों तक गिना गया। विशेषज्ञों का कहना है कि गर्म रातें और घटते वर्षापात के दिनों का कुप्रभाव कृषि कार्य पर पड़ा है। किसी साल कुछ खास समय में अधिक बारिश होने से फसल बाढ़ से तबाह हो जा रही है तो कई बार समय से...