नई दिल्ली, अक्टूबर 23 -- केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि सेंट्रल ड्रग्स लैबोरेटरीज ने विभिन्न कंपनियों द्वारा बनाई गई दवाओं के 42 नमूनों को 'मानक गुणवत्ता के अनुरूप नहीं' (एनएसक्यू) पाया है। इसके अलावा राज्य ड्रग टेस्टिंग लैबोरेटरीज ने भी दवाओं के 288 नमूनों को एनएसक्यू के रूप में चिह्नित किया है। नियमित नियामक निगरानी प्रक्रिया के तहत, एनएसक्यू और नकली दवाओं की सूची हर महीने सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन (सीडीएससीओ) के पोर्टल पर जारी की जाती है। किसी दवा के नमूने को एनएसक्यू तब माना जाता है, जब वह तय किए गए गुणवत्ता मानकों में से किसी एक या अधिक में फेल हो जाता है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि यह कमी केवल सरकारी प्रयोगशाला द्वारा जांचे गए उस विशेष बैच की दवाओं में पाई गई है, और इसका मतलब यह नहीं है कि बाज...