थाने में आग लगा देने भर से यूएपीए लागू नहीं होता : सुप्रीम कोर्ट
नई दिल्ली, जुलाई 31 -- वर्ष 2024 के हल्द्वानी हिंसा मामले में आतंकवाद निरोधक कानून गैर कानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) को लागू किए जाने पर गंभीर चिंता जाहिर की। शीर्ष अदालत ने इसे गंभीरता से लेते हुए उत्तराखंड सरकार से पूछा कि भीड़ द्वारा थाने में आग लगा देने भर से 'यूएपीए' कैसे लागू हो सकता है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और वी. मोहना की पीठ ने उत्तराखंड सरकार की अपील खारिज करते हुए यह टिप्पणी की। राज्य सरकार ने वर्ष 2024 के हल्द्वानी हिंसा के आरोपी अब्दुल मलिक को हाईकोर्ट से मिली जमानत को चुनौती दी थी। पीठ ने मलिक को मिली जमानत बहाल रखते हुए उत्तराखंड हाईकोर्ट के आदेश में दखल देने से इनकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान कहा कि भले ही फैसले में हाईकोर्ट का तर्क अधूरा रहा हो, लेकिन व्यक्तिगत स्...
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