कौशाम्बी, अगस्त 14 -- सिराथू, हिन्दुस्तान संवाद। विकास खंड कड़ा के ब्लॉक सभागार में गुरुवार को कृषि विभाग की ओर से त्वरित मक्का विकास कार्यक्रम अन्तर्गत कृषक गोष्ठी का आयोजन किया। इस दौरान उपस्थित कृषकों को खेती में आधुनिक तकनीकी अपनाने पर विशेष जोर दिया गया। गोष्ठी में कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. मनोज कुमार सिंह ने संबोधित करते हुए कहा कि मक्का की खेती में आधुनिक तकनीकों को अपनाकर उत्पादन और गुणवत्ता में सुधार लाया जा सकता है। मक्का की फसल में पानी कम लगता है और यह स्वास्थ्य की दृष्टि से पोषण संबंधी लाभ प्रदान करता है। मक्के की बुवाई के लिए आदर्श समय 15 जून से 15 जुलाई तक है। यदि सिंचाई की सुविधा उपलब्ध हो तो बुवाई मई के अंत में शुरू की जा सकती है। ऐसा करने से भारी बारिश शुरू होने से पहले मक्के की अच्छी वृद्धि हो जाती है। एसडीओ क...
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