बलिया, मार्च 2 -- बलिया, संवाददाता। रमजानुल मुबारक माह के 12वें दिन सोमवार को भोर में मुस्लिम लोगों ने सहरी करके एहतराम के साथ रोजा रखा। रोजेदारों ने कुरआनपाक की तिलावत की और अल्लाह की इबादत में मशगूल रहे। रमजान के मुकद्दस महीने मस्जिदों में नमाजियों की तादाद बढ़ गई है। अलग-अलग निर्धारित समय पर पांच वक्त की नमाज के साथ रात में एशा के वक्त तरावीह की बीस रेकात विशेष नमाज अदा की गई। महिलाएं भी रोजा रखने के साथ ही नमाज पढ़ी और कुरआन की तिलावत की। दोपहर बाद से इफ्तार की तैयारी में जुट गई। मगरीब की अजान होने पर रोजेदारों ने खजूर और पानी आदि से रोजा खोला। मुफ्ती नसीम जफर कासमी ने बताया कि रमजान माह में शुरू मगफिरत के दूसरे अशरे में अपने रब के सामने तौबा कर माफी मांगी जाती है। वैसे तो रमजानुल मुबारक माह में हर वक्त माफी मांगने के लिए होती है, लेक...
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