अल्मोड़ा, जुलाई 1 -- अल्मोड़ा। पाली के ग्रामीणों ने कवरखेत, पोखरा और मटेला तोकों को वन पंचायत में शामिल करने की मांग की है। उनका कहना है कि वन पंचायत गठन के वक्त पोखरा और कवरखेत क्षेत्रों को मानचित्र और खसरे में शामिल नहीं किया गया था, जिस कारण कुछ लोग वहां संसाधनों का अवैध दोहन कर रहे हैं। एसडीएम को सौंपे ज्ञापन में ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पंचायत गठन के बाद पाली के दोनों क्षेत्रों में अन्य तोक एकाधिकार जमा रहे हैं और मूल गांव पाली को वन पंचायत से उपेक्षित किया जा रहा है। साथ ही क्षेत्रों में बिना अनुमति के पेड़ों का कटान और लीसा दोहन धड़ल्ले से चल रहा है। कहा कि मूल गांव के निवासियों की सहमति के बिना बाहरी लोगों को वन पंचायत में हस्तक्षेप करने की अनुमति दी जा रही है। ग्रामीणों ने छूटे हुए पोखरा मटेला तोक और कवरखेत डाभर तोक को जल्द ...