लखनऊ, अप्रैल 17 -- उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्रदेश के प्रशासनिक ढांचे में पारदर्शिता और कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए वर्ष 2026-27 की नई तबादला नीति लागू करने जा रही है। इस नीति का मुख्य उद्देश्य एक ही स्थान पर लंबे समय से जमे अधिकारियों और कर्मचारियों को हटाकर व्यवस्था में नयापन लाना है, साथ ही मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए दिव्यांगों और सरकारी सेवा में कार्यरत दंपत्तियों को बड़ी राहत देना है। उच्चाधिकारियों की बैठक में इस नीति के मसौदे पर सहमति बन गई है और जल्द ही इसे कैबिनेट से मंजूरी मिलने की उम्मीद है।तीन और सात साल का 'कटऑफ' फॉर्मूला नई नीति के तहत भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने और कार्यप्रणाली को सुस्त होने से बचाने के लिए कड़े मानक तय किए गए हैं। अब जिले में तीन साल और मंडल में सात साल की सेवा पूरी करने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों का तबाद...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.