धनबाद, मार्च 1 -- धनबाद नगर निगम चुनाव का परिणाम ने भाजपा की राजनीति साख पर बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। मेयर पद पर निर्दलीय उम्मीदवार संजीव सिंह की शानदार जीत ने न सिर्फ मुकाबले को एकतरफा बना दिया, बल्कि भाजपा की संगठनात्मक ताकत और उसके जनाधार के दावों को भी कमजोर साबित कर दिया है। भाजपा का गढ़ माने जाने वाले धनबाद में पार्टी समर्थित उम्मीदवार संजीव कुमार की करारी हार राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बनी हुई है। लोग कहने लगे हैं कि धनबाद में भाजपा का गढ़ अब दरक गया है। इस चुनाव में भाजपा के सांसद ढुलू महतो और पार्टी के दो विधायक राज सिन्हा तथा शत्रुघ्न महतो की प्रतिष्ठा भी दांव पर थी। तीनों नेताओं ने खुलकर पार्टी समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश की। इसके बावजूद संजीव कुमार पहले राउंड से ही मुकाबले में पिछड़ते नजर आए। वे कभ...
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