कानपुर, मई 26 -- सिकंदरा। तहसील सिकंदरा आला अफसर कर्मचारियों का टोटा बताकर प्राइवेट कर्मियों को रखकर फरियादियों से मनमानी वसूली हो रही है। बीते साल तहसील में प्राइवेट कर्मियों के सरकारी पटलों का काम निपटाने की खबर के बाद डीएम की फटकार सभी कर्मी हटाये गये थे,लेकिन समय के साथ फिर से प्राइवेट कर्मी अपना कारोबार सजाकर बैठ गये हैं। इससे फरियादियों को आर्थिक शोषण का शिकार होना पड़ रहा है। तहसील सिकंदरा में प्राइवेट कर्मियों को देखते हुए आपके हिन्दुस्तान अखवार ने समाचार प्रकाशित किया था जिस पर तत्कालीन डीएम ने चाबुक चलाकर तहसील को प्राइवेट कर्मियों से विहीन कर दिया था। वहीं तहसील प्रशासन की मौन स्वीकृति मिलते ही प्राइवेट कर्मियों की फौज फिर तैयार हो गयी। प्राइवेट कर्मी मालबाबू कौशलेंद्र की सीट पर प्राइवेट कर्मी मास्टर, एसडीएम कोर्ट में संजय, जावे...