गाज़ियाबाद, मार्च 29 -- गाजियाबाद, प्रमुख संवाददाता। मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान में दावा-आपत्ति के बाद मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में शामिल करने की कवायद शुरू हो गई है। प्रशासन का दवा है कि 7.30 लाख मतदाताओं के दावे आपत्तियां सुनी गई। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर 10 अप्रैल को अंतिम सूची का प्रकाशन होगी। जून से एसआईआर अभियान का कार्य चल रहा है। बूथ लेवल पर मतदाता सूची में सुधार के लिए बीएलओ की नियुक्ति की गई थी। वर्ष 2003 में मतदाता सूची में माता-पिता, दादा-दादी व नाना-नानी के नाम और पते के आधार पर मतदाता बनाए गए। इनमें ऐसे मतदाता भी शामिल थे जिनके माता-पिता का नाम गलत था। इसमें नो मैपिंग और तार्किक मतदाताओं की सूची में सुधार किया गया। इसकी 27 मार्च अंतिम तिथि थी। अब अंतिम सूची तैयार की जा रही है। जिसका 10 अप्रैल ...