अयोध्या, मार्च 23 -- अयोध्या, संवाददाता। जयप्रकाश नारायण विश्वविद्यालय छपरा बिहार के पूर्व कुलपति प्रो. हरिकेश सिंह ने कहा कि भारत की ज्ञान परंपरा को जानने के लिए पद से नहीं पदयात्रा से करना चाहिए। उन्होंने कहा कि डॉ. राममनोहर लोहिया ने भारत का झंडा जर्मनी में छात्र- छात्राओं एवं शिक्षाविदों के बीच बुलंद किया। डॉ. लोहिया ने नेल्सन मंडेला से कहीं अधिक रंगभेद की लड़ाई लड़ी। यह बातें पूर्व कुलपति ने डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के स्वामी विवेकानंद सभागार में डॉ. लोहिया की जयंती समारोह पर 'डॉ. लोहिया के विचारों की प्रासंगिकता' विषयक व्याख्यान में बतौर मुख्य अतिथि कही। उन्होंने कहा कि देश की स्वतंत्रता राष्ट्र प्रेम से बनती है। उन्होंने कहा कि लोहिया जी ने रामायण का वास्तविक प्रयोग किया।कार्यक्रम संयोजक प्रो. आशुतोष सिंहा ने अतिथियों ...
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