सोनभद्र, जून 28 -- सोनभद्र, संवाददाता। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत टीबी मरीजों को मिलने वाला मासिक पोषण भत्ता पिछले डेढ़ साल से नहीं मिल पाया है। जिले में उपचाराधीन 2237 मरीज शासन की ओर से मिलने वाली एक हजार रुपये प्रतिमाह की सहायता राशि का इंतजार कर रहे हैं। कई मरीज भत्ते की जानकारी और भुगतान के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों के लिए पोषण भत्ता राशि इलाज के दौरान पौष्टिक आहार का प्रमुख सहारा होती है, लेकिन भुगतान बंद होने से उन्हें अपनी जेब से खर्च उठाना पड़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग के दावों के विपरीत मरीजों को फिलहाल केवल दवाएं ही उपलब्ध हो रही हैं, जबकि उपचार के दौरान आवश्यक पोषण सहायता नहीं मिल पा रही है। महंगाई के बीच दूध, दाल, घी, अंडा, मूंगफली, चना और सूखे मेवे जैसे पौष्टिक खाद्य प...