पटना, मार्च 7 -- ऐपवा महासचिव मीना तिवारी ने डेरा प्रमुख राम रहीम की सजा मुक्ति के फैसले को रद्द करने की मांग की है। शनिवार को जारी बयान में उन्होंने पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट द्वारा राम रहीम को पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में सभी आरोपों से बरी करने के फैसले पर निराशा व्यक्त की। हाई कोर्ट ने राम रहीम को इस कांड में निचली अदालत से मिली आजीवन कारावास की सजा को निरस्त कर दिया है। उन्होंने कहा कि रामचंद्र छत्रपति ही वह साहसी पत्रकार थे जिनकी खबरों की वजह से राम रहीम की सच्चाई सामने आ पाई थी। उन्होंने मांग की कि सरकार को तत्काल इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए और राम रहीम की सजा को बरकरार रखने के लिए ऊपर के न्यायालय में जाना चाहिए ।
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