कानपुर, फरवरी 19 -- यूपी के कानपुर में फर्जी डिग्री बनाकर देने वाले गैंग के खुलासे के बाद पूरी शैक्षणिक व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। गैंग 1.5 लाख में इंजीनियर-वकील की डिग्री बनाकर दे देता था तो 2.5 लाख में बीफार्मा और डीफार्मा की। इतना ही नहीं, 50 से 75 हजार रुपये में 10वीं और 12वीं की भी फर्जी मार्कशीट बनाकर देता था। गैंग के खुलासे के बाद कानपुर कचहरी में भी हड़कंप मचा है। पुलिस के मुताबिक कानपुर के 10 ऐसे लोग हैं, जिन्होंने इसी गैंग से एलएलबी की डिग्री हासिल की है और अब वकालत कर रहे हैं। पुलिस आयुक्त के मुताबिक आरोपियों ने पूछताछ में इन लोगों के नाम भी बताए हैं। ये नौशाद, सुजान, संदीप मिश्रा, रणधीर सिंह, मो. कौशीन रिजवी, रत्ना शुक्ला, विजय यादव, विशाल पाल, फैजान जावेद और बाबूपुरवा निवासी शमशाद हैं। आरोपियों से मिली जानकारी के बाद अब प...
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