जमशेदपुर, जून 13 -- राज्य के बच्चों की जमीनी हकीकत, उनकी स्थानीय जरूरतों और आकांक्षाओं को ध्यान में रखकर अब नई शिक्षा नीति तैयार की जाएगी। इसके लिए झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद (जेईपीसी) ने ड्रीम्ज अ ड्रीम संस्था के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह भी पढ़ें- जून बीतने को आया पर समग्र शिक्षा बजट का अबतक अता-पता नहींपॉलिसी लैब की स्थापना इस साझेदारी के तहत राज्य में झारखंड पॉलिसी लैब फॉर एजुकेशन सिस्टम ट्रांसफॉर्मेशन की स्थापना की जा रही है, जो विशेष रूप से स्कूली शिक्षा व्यवस्था के कायाकल्प के लिए काम करेगी। इस अनूठी पॉलिसी लैब का मुख्य उद्देश्य डेटा, गहन रिसर्च और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर शिक्षा से जुड़े नीतिगत फैसले लेना है। अब तक पारंपरिक ढर्रे पर चलने वाली शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक और परिणामोन्मुखी...