नई दिल्ली, सितम्बर 1 -- दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) की एक वर्षीय स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में अपनाई गई नई प्रवेश प्राथमिकता प्रणाली को चुनौती देने वाली याचिका पर विश्वविद्यालय की शिकायत निवारण समिति को तीन दिनों के भीतर निर्णय लेने का निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ ने कहा कि समिति इस मुद्दे पर विचार कर स्पष्ट आदेश पारित करे।प्रवेश देने का निर्देश देने की मांग याचिका शिवा सिंह नामक छात्र ने दायर की है। छात्र की पैरवी कर रहीं पाञ्चजन्य बत्रा सिंह ने अदालत से डीयू द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए अपनाई गई प्रवेश प्राथमिकता प्रणाली को रद्द करने और छात्र को मेरिट के आधार पर एमए पॉलिटिकल साइंस में प्रवेश देने का निर्देश देने की मांग की थी।एमए पॉलिटिकल साइंस में दाखिले की थी कोशिश याचिकाकर्ता का कहना है कि उस...