गोरखपुर, मार्च 26 -- गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में केन्द्रीय ग्रंथालय एवं विभागीय पुस्तकालयों के लिए नेशनल अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग स्कीम (एनएटीएस) के तहत प्रति वर्ष 10 प्रशिक्षुओं के चयन का प्रस्ताव स्वीकृत किया गया है। यह पहल न केवल तकनीकी कर्मचारियों की कमी को दूर करेगी, बल्कि छात्रों एवं शोधार्थियों को बेहतर और त्वरित पुस्तकालय सेवाएं उपलब्ध कराने में भी सहायक सिद्ध होगी। प्रस्ताव को कुलपति प्रो. पूनम टंडन की अध्यक्षता में आयोजित वित्त समिति की बैठक में अनुमोदन मिला है। योजना के तहत चयनित प्रशिक्षुओं को एक वर्ष की अवधि के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रत्येक प्रशिक्षु को नौ हजार प्रतिमाह स्टाइपेंड प्रदान किया जाएगा, जिसमें 50 प्रतिशत (4500 रुपये) का भुगतान बोर्ड ऑफ अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग, कानपुर द्वारा तथा शेष 50 प्रति...