गोरखपुर, जनवरी 31 -- गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की ओर से निःशुल्क सर्वाइकल कैंसर बचाओ एचपीवी टीकाकरण अभियान के आठवें चरण में शिक्षकों एवं कर्मचारियों की बेटियों को जीवनरक्षक एचपीवी वैक्सीन निशुल्क लगाया गया। कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि विश्वविद्यालय का यह प्रयास केवल टीकाकरण तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में निवारक स्वास्थ्य संस्कृति को विकसित करने की दिशा में एक ठोस कदम है। एचपीवी टीकाकरण के माध्यम से हम बच्चों को भविष्य में होने वाले सर्वाइकल कैंसर सहित अनेक कैंसर रोगों से सुरक्षित कर रहे हैं। एपी सिंह ने बताया कि एचपीवी टीके के लिए 11-12 वर्ष की आयु सर्वाधिक उपयुक्त मानी जाती है, क्योंकि इस आयु में शरीर की प्रतिरोधक क्षमता टीके पर सर्वोत्तम प्रतिक्रिया देती है। इस मौके पर प्रो. दिव्या रानी सिंह, डॉ. अनुपम कौशिक...