नई दिल्ली, नवम्बर 10 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। दिल्ली मेडिकल काउंसिल (डीएमसी) को भंग किए जाने के करीब पांच माह बाद भी इसके नए सिरे से गठन के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए हैं। इससे डीएमसी का कामकाज प्रभावित होने के साथ ही डॉक्टरों की परेशानी बढ़ गई है। एम्स के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) ने दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखा है कि डीएमसी में कामकाज ठप होने से नए डॉक्टर के पंजीकरण नहीं हो पा रहे हैं। इस वजह से अस्पतालों में रेजिडेंट डॉक्टर की नियुक्ति में भी समस्या आ रही है। एम्स आरडीए ने स्वास्थ्य मंत्री से मामले में हस्तक्षेप करने और डीएमसी का कामकाज सुचारू कराने की मांग की है। आरडीए ने पत्र में लिखा कि एम्स, सफदरजंग, आरएमएल, लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज (एलएचएमसी), मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज (एमएमसी) सहित विभिन्न अस्पतालों में ...
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