सहारनपुर, मार्च 26 -- गंगोह। डाक विभाग की लापरवाही के कारण स्पीड पोस्ट अपने गंतव्य तक पहुंचने के बजाय 23 दिन बाद वापस लौट आया, जिससे उपभोक्ता को परेशानी का सामना करना पड़ा। मोहल्ला ईशरा निवासी आशीष गोयल ने अपने बेटे निशांत गोयल को सोलन (हिमाचल प्रदेश) स्पीड पोस्ट से पार्सल भेजा था। आरोप है कि लिफाफे पर सही पता लिखे होने के बावजूद डाककर्मी ने रिकॉर्ड में जालंधर (पंजाब) का पता दर्ज कर दिया। कई दिनों तक पार्सल न पहुंचने पर जब उपभोक्ता ने स्लिप जांची तो गलती सामने आई। इस बीच पार्सल वापस लौट आया। पीड़ित के अनुसार पार्सल में जरूरी दस्तावेज थे, जिनकी देरी से उनके बेटे को परेशानी उठानी पड़ी। आरोप है कि डाककर्मी ने गलती मानने के बजाय इसे मामूली बताया। मामले को लेकर उपभोक्ता ने नाराजगी जताई है।

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