नई दिल्ली, मार्च 30 -- राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर पीठ ने ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के लिए नौकरी और शिक्षण संस्थानों के दाखिले में 3 प्रतिशत अतिरिक्त अंकों का भार (वेटेज) देने का निर्देश देकर उन्हें अंतरिम राहत दी। सुनवाई के दौरान अदालत ने माना कि इन ट्रांसजेंडर को ओबीसी श्रेणी में शामिल करने की राज्य की नीति से कोई सार्थक लाभ नहीं मिलता। न्यायमूर्ति अरुण मोंगा और योगेंद्र कुमार पुरोहित की खंडपीठ ने गंगा कुमारी द्वारा दायर एक रिट याचिका का निपटारा करते हुए यह आदेश पारित किया, जिसमें उन्होंने राज्य सरकार की 12 जनवरी, 2023 की अधिसूचना को चुनौती दी थी। पीठ ने सोमवार को अपने आदेश में राज्य को निर्देश दिया कि वह विभिन्न श्रेणियों में ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के सामाजिक-आर्थिक अध्ययन करने और उपयुक्त आरक्षण ढांचा सुझाने के लिए एक उच्च स्तरीय समिति का...