गिरडीह, मार्च 19 -- बेंगाबाद-चतरो मुख्य मार्ग की दुर्दशा दिनों-दिन घटने की जगह बढ़ती जा रही है। इससे इस सड़क से हर दिन गुज़रने वाले लोगों का ग़ुस्सा भी बढ़ता जा रहा है, और गुस्सा बड़े भी तो क्यों नहीं जब टेंडर के सात महीने बीतने को है और मरम्मत कार्य पूरा नहीं किया जा सका है। बताते चलें कि बिहार-झारखंड के लिए व्यवसायिक दृष्टिकोण से यह मार्ग लाइफलाइन मानी जाती है जिसपर हर रोज हजारों ट्रक बिहार-झारखंड आवाजाही करते है। सैकड़ों गड्ढे व बोल्डर में स्थानीय ग्रामीणों सहित वाहन चालक भी हैं परेशान: बताते चलें कि उक्त सड़क पर वर्तमान में सैकड़ों छोटे-बड़े गड्ढे हैं, जिसमें कई गड्ढे में बरसात के समय मीडिया व नेताओं के दबाव के कारण बोल्डर व डस्ट भरा गया था जो अब बाहर निकलकर खतरनाक रुप ले चुके हैं। बोल्डर से जहां वाहनों के आवाजाही में परेशानी होती है ...