गंगापार, मार्च 18 -- अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के नेतृत्व में बीआरसी जसरा में बुधवार को शिक्षक/शिक्षामित्र एकत्र हुए और सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी अनिवार्य किए जाने के विरोध में शिक्षक की पाती कार्यक्रम के तहत राष्ट्रपति, सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, विपक्ष के नेता को पोस्ट कार्ड भेजकर निवेदन किया कि सेवारत शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से छूट दी जाय। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष शंकर चन्द्र ने कहा कि 15-20 वर्षो की सेवा के बाद प्रतियोगी परीक्षा की बाध्यता अनुचित और अव्यवहारिक है। शिक्षा मित्र संघ ने जिलाध्यक्ष वसीम अहमद ने कहा कि इसके कारण लाखों-लाख शिक्षकों और इनके परिवारों का भविष्य संकट में है। संचालन मनोज कुमार शुक्ल अध्यक्ष जसरा ने किया। दीपिका ने सभी को धन्यवाद दिया। अभियान में उ...