झुलसा रही ज्येष्ठ की दुपहरी, जनजीवन अस्त-व्यस्त
गंगापार, मई 26 -- उरुवा, हिन्दुस्तान संवाद। जेठ की तपती दुपहरी इन दिनों लोगों की परीक्षा ले रही है। आसमान से बरसती आग और धरती से उठती तपिश ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों के चलते लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हैं। प्रयागराज-मिर्जापुर हाईवे सहित उरुवा क्षेत्र के बाजारों, चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे तक सन्नाटा पसरा रहता है। अत्यधिक गर्मी के कारण लोग केवल जरूरी काम होने पर ही घरों से निकल रहे हैं। राहगीर सिर पर गमछा, छाता और हेलमेट जैसे सुरक्षा उपायों के सहारे सफर करते दिखाई दे रहे हैं।ग्रामीण यह भी पढ़ें- दिनभर झुलसाती रही गर्म हवाएं, हीट वेव अलर्ट से सहमे लोग अंचलों में प्रचलित कहावत "जेठ मास जो तपे निरासा, तब जानो बरसा की आसा"इन दिनों बिल्कुल सटीक साबित होती नजर आ रही...
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