बोकारो, अप्रैल 7 -- गोमिया, अनंत कुमार। गोमिया प्रखंड की तिलैया पंचायत में झुमरा पहाड़ की तलहटी पर बसे एक छोटे से टोले में करीब दस आदिवासी परिवार वर्षों से भय और अभाव के बीच जीवन गुजार रहे हैं। पहाड़ के ठीक नीचे बसे इस टोले में रहने वाले लोग हर दिन जंगली हाथियों के खतरे के बीच अपनी जिंदगी जीने को मजबूर हैं। जब भी हाथी झुमरा पहाड़ से नीचे उतरते हैं तो उनका रास्ता सीधे इसी टोले के पास से होकर गुजरता है। ऐसे में रात होते ही यहां इनकी चिंता बढ़ जाती है। हाथियों से बचाव के लिए वन विभाग की टीम आसपास के इलाके में सक्रिय रहती है, लेकिन इस छोटे से टोले के लिए अब तक कोई स्थायी व्यवस्था नहीं की है।यहां के लोग अपने स्तर से ही किसी तरह जान बचाने की कोशिश करते हैं। ग्रामीण साइकिल के पुराने टायरों को लकड़ी में बांधकर रखते हैं और जब हाथी गांव के पास पहुं...
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