रामगढ़, मई 3 -- गोला, निज प्रतिनिधि। झारखंड की सांस्कृतिक विरासत और परंपरा से छऊ नृत्य जुड़ा हुआ है। शिव मंडा पर्व में भोगता भगवान भोले शंकर को प्रसन्न करने के लिए कठिन तपस्या कर अच्छी बारिश व खुशहाली की कामना करते हैं। इस दौरान श्रद्धा और भक्ति का ऐसा नजारा दिखता है कि लोग दांतो तले ऊंगली चबा लेते हैं। ये बातें विधायक ममता देवी ने कुस्टेगाढ़ा शिव मंडा पूजा मेला पर आयोजित छऊ नृत्य कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए कही। उन्होंने कहा कि भगवान शिव और माता पार्वती को प्रसन्न करने के लिए बड़ों से लेकर बच्चे और महिलाएं भी दहकते अंगारों पर नंगे पांव चलकर और बनस झूले में झुलकर अपनी भक्ति का परिचय देते हैं। यह भी पढ़ें- बलसगरा में अस्था और भक्ति के साथ मनाया गया मंडा का पर्व भक्तों का उद्देश्य सिर्फ भगवान भोले शंकर को प्रसन्न कर मन्नत मांगना होता है। ...